Racha Hai Sristi Ko Jis Prabhu Ne Lyrics, रचा है सृष्टि को जिस प्रभु ने लिरिक्स और सरगम नोट्स

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यह खुबसूरत भजन Racha Hai Sristi Ko Jis Prabhu Ne Lyrics, फ़िल्मी तर्ज – तुम्हारी नजरों में हमने देखा पर आधारित है |

Racha Hai Sristi Ko Jis Prabhu Ne Lyrics, रचा है सृष्टि को जिस प्रभु ने लिरिक्स

Racha Hai Sristi Ko Jis Prabhu Ne Lyrics, रचा है सृष्टि को जिस प्रभु ने लिरिक्स
Racha Hai Sristi Ko Jis Prabhu Ne Lyrics, रचा है सृष्टि को जिस प्रभु ने लिरिक्स
रचा है सृष्टि को जिस प्रभु ने,
वही ये श्रष्टि चला रहे है,
जो पेड़ हमने लगाया पहले,
उसी का फल हम अब पा रहे है,
रचा है सृष्टि को जिस प्रभु ने,
वही ये श्रष्टि चला रहे है।।
 
इसी धरा से शरीर पाए,
इसी धरा में फिर सब समाए,
है सत्य नियम यही धरा का,
है सत्य नियम यही धरा का,
एक आ रहे है एक जा रहे है,
रचा है सृष्टि को जिस प्रभु ने,
वही ये श्रष्टि चला रहे है।।
जिन्होने भेजा जगत में जाना,
तय कर दिया लौट के फिर से आना,
जो भेजने वाले है यहाँ पे,
जो भेजने वाले है यहाँ पे,
वही तो वापस बुला रहे है,
रचा है सृष्टि को जिस प्रभु…

बैठे है जो धान की बालियो में,

समाए मेहंदी की लालियो में,
हर डाल हर पत्ते में समाकर,
हर डाल हर पत्ते में समाकर,
गुल रंग बिरंगे खिला रहे है,
रचा है सृष्टि को जिस प्रभु ने,
वही ये श्रष्टि चला रहे है।।
 
रचा है श्रष्टि ……

Racha Hai Shristi Ko Jis Prabhu Ne Notation | 

Racha Hai Sristi Ko Jis Prabhu Ne Lyrics, रचा है सृष्टि को जिस प्रभु ने लिरिक्स
Racha Hai Sristi Ko Jis Prabhu Ne Lyrics, रचा है सृष्टि को जिस प्रभु ने लिरिक्स

रचा है सृष्टि को जिस प्रभु ने लिरिक्स, Racha Hai Shristi Ko Jis Prabhu Lyrics In Hindi, फ़िल्मी तर्ज तुम्हारी नजरों में हमने देखा भजन लिरिक्स, Racha Hai Shristi Ko Jis Prabhu ne Notation. में लगने वाले स्वर –

  • मंद्र सप्तक का प और मध्य सप्तक का सा, रे, कोमल ग, म, प, ध, कोमल नि और तार सप्तक का सा, इस Racha Hai Shristi Ko Jis Prabhu Notation में सभी ग और नि कोमल है अतः यह थाट काफी पर आधारित भजन है एवं सभी ग और नि कोमल है इसलिए किसी भी स्वर में कोई चिन्ह नहीं लगाया जा रहा है शेष सभी स्वर शुद्ध हैं |

र  चा s  | है  सृ  ष्टि   | को जिस | प्रभु     ने
प प सा | सा सा सा    | रे   सानि | निसा   रे

वही ss   | ये  सृ ष्टि   | चलाs |  रहें     हैं
मगरेसा | नि  सा रे    |  मगरे  | सासा सा


जोs   पेड़    |  ह  म    ने s | लगाया     पहले
पप   सांसां |  सां सां सां रें |  निनिनि   धधप
उसी s  |   का  फल   |  हम    अब  |पा     रहे       हैं
पप नि |  नि     निध |  धप   मम  | म    गरे      सा


इसी   धरा    से |  शरीर        पाए
धप    मप    ध |   धसांनि     धप
इसी   धरा    से |  शरीर        पाए
धप    मप    ध |   धसांनि     धप


हैs     सत्य  | नियम   यही | धराss        काs
पप   सां सां | सांसां     सां रें | निनिनि    धधप
इक    आ       रहे  |  औs   र    | इक   जा    रहे   हैं
पप   निनि   निध |  धप   म   |  म     म     गरे  सा

र  चा s  | है  सृ  ष्टि   | को जिस | प्रभु     ने
प प सा | सा सा सा    | रे   सानि | निसा   रे

वही ss   | ये  सृ ष्टि   | चलाs |  रहें     हैं
मगरेसा | नि  सा रे    |  मगरे  | सासा सा

Music – प ध सां – प ध सां

जिन्होंने     ये  | जगत   में    जाना
  धपम      पध | धसां    नि     धप
तय    कर   दिया |  लौट के फिर | से आना
धप     मप    ध    |   ध  सां  नि  | ध   प- 

जो    भेजने   | वाला    हैs  | यहाँs        परs 
पप    सांसां   | सांसां  सांरें | निनिनि,  धधप
वही   फिर   सेs | बुला    s | रहें ss      हैं 
पप  निनि निध |  धप   म | ममगरे   सा

र  चा s  | है  सृ  ष्टि   | को जिस | प्रभु     ने
प प सा | सा सा सा    | रे   सानि | निसा   रे

वही ss   | ये  सृ ष्टि   | चलाs |  रहें     हैं
मगरेसा | नि  सा रे    |  मगरे  | सासा सा

Music – प ध सां – प ध सां

बैठे    हैंs    जो  | धाsन की  | बालियों  में 
धप    मप    ध | ध -सां  नि | धधप     प
समाये    मेंहदी  | की ला ss   | लियों  में
धप म      पध   | ध – सां  नि | ध प     प

हर       डाल  |हर   पत्ते    में  | समाs       कर 
पप     सांसां | सां   सांसां   रें   | निनिनि,  धधप
गुल   रंग     बिरंगे  | खिलाs     रहे ss   हैं 
पप   निनि   निध    | धपम      ममगरे सा

Music – प ध सां – प ध सां


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